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CATC शिविर में विवेकानन्द इंटर कॉलेज के कैडेटों ने किया उत्कृष्ट प्रदर्शन

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अल्मोड़ा। 77 यूके बटालियन एनसीसी, अल्मोड़ा द्वारा आयोजित CATC (Combined Annual Training Camp) का समापन समारोह गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ। समापन अवसर पर ग्रुप कमांडर कमोडोर रुचि रंजन तथा बटालियन कमांडिंग ऑफिसर कर्नल जितेन्द्र शर्मा मुख्य रूप से उपस्थित रहे। शिविर के दौरान कैडेटों के सर्वांगीण विकास हेतु खो-खो, पेंटिंग, डिबेट, राइटिंग प्रतियोगिता, ग्रुप डांस, सोलो डांस तथा बेस्ट कैडेट सहित विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं में विवेकानन्द इंटर कॉलेज, रानीधारा, अल्मोड़ा के कैडेटों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए कई प्रतियोगिताओं में प्रथम स्थान प्राप्त कर विद्यालय एवं क्षेत्र का नाम गौरवान्वित किया। कैडेटों की इस उपलब्धि से विद्यालय परिवार में हर्ष का माहौल है। विद्यालय के प्रधानाचार्य, एएनओ तथा समस्त शिक्षकों ने विजेता कैडेटों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर अधिकारियों ने कैडेटों को अनुशासन, नेतृत्व तथा राष्ट्रसेवा की भावना को जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित किया।

नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति, अल्मोड़ा के तत्वाधान में हिन्दी‍ कार्यशाला आयोजित

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नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति, अल्मोड़ा के तत्वाधान में हिन्दी‍ कार्यशाला आयोजित भाकृअनुप-विवेकानन्द पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान, अल्मोड़ा में दिनांक 17 जून 2026 को नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास), अल्मोड़ा के तत्वाधान में ऑनलाइन हिंदी कार्यशाला का आयोजन संस्थान के निदेशक तथा नराकास के अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मी कान्त के निर्देशानुसार किया गया। कार्यशाला के आरम्भ में सदस्य सचिव नराकास एवं संस्थान की प्रभारी राजभाषा अधिकारी श्रीमती रेनू सनवाल ने संस्था‍न के निदेशक डॉ. लक्ष्मी कान्त को इस प्रकार की ऑनलाइन कार्यशाला के आयोजन हेतु सुझावित करने के लिए धन्यवाद देते हुए सभी सदस्य कार्यालयों के प्रमुखों एवं राजभाषा अधिकारियों का स्वागत किया। इस कार्यशाला में वक्ता के रूप में सीमान्त मुख्यालय भारत – तिब्बत सीमा पुलिस, अल्मोड़ा की राजभाषा अधिकारी एवं सहायक कमांडेंट श्रीमती आशा के. उपस्थित रही। श्रीमती आशा के. ने अध्यक्ष नराकास एवं सदस्य‍ सचिव नराकास का आभार व्‍यक्‍त करते हुए अपना व्याख्यान प्रस्तुूतिकरण के माध्य‍म से दर्शाया। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा हिन्दी के प्रचार-प्रसार एवं वि...

क्या आप भी 'Digital Burnout' के शिकार हैं? ये 5 संकेत आपकी लाइफ बदल सकते हैं!

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  (Introductory Hook) क्या आपको लगता है कि आप दिन भर फोन चलाते हैं, लेकिन फिर भी कुछ हासिल नहीं कर पाते? रात को नींद नहीं आती, सिर भारी रहता है और मन में बेचैनी रहती है? अगर हाँ, तो आप अकेले नहीं हैं। आज हम जिस दौर में जी रहे हैं, वहां हम सब 'डिजिटल बर्नआउट' की चपेट में हैं और हमें इसका अंदाजा भी नहीं है। कैसे पहचानें कि आप बर्नआउट हो चुके हैं? सुबह उठते ही फोन चेक करना: क्या आपकी आँख खुलते ही सबसे पहले हाथ मोबाइल पर जाता है? काम में मन न लगना: आप एक काम शुरू करते हैं, लेकिन 5 मिनट में बोर होकर सोशल मीडिया स्क्रॉल करने लगते हैं। छोटी बातों पर गुस्सा: डिजिटल शोर की वजह से हमारा सब्र (Patience) कम हो रहा है। नींद की क्वालिटी का गिरना: घंटों तक स्क्रीन देखते रहने से आपकी बायोलॉजिकल क्लॉक खराब हो रही है। इसे ठीक करने के 3 आसान जादुई तरीके 'No Phone Zone': अपने बेडरूम को फोन-मुक्त रखें। यकीन मानिए, इससे आपकी नींद 2 गुना बेहतर हो जाएगी। 20-20-20 Rule: अगर आप लैपटॉप पर काम करते हैं, तो हर 20 मिनट में 20 फीट दूर देखें और 20 सेकंड के लिए ब्रेक लें। डिजिटल डिटॉक्स संडे: ह...

शेयर बाजार में जोश! कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से Sensex और Nifty ने भरी उड़ान

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  New delhi  17 जून 2026: भारतीय शेयर बाजार में आज जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स (Sensex) और निफ्टी (Nifty) लगातार चौथे दिन तेजी के साथ कारोबार कर रहे हैं। निफ्टी ने आज 24,000 का अहम मनोवैज्ञानिक स्तर पार कर लिया है, जिससे निवेशकों का भरोसा और मजबूत हुआ है। बाजार में तेजी के मुख्य कारण: कच्चे तेल (Brent Crude) में गिरावट: ब्रेंट क्रूड की कीमतें घटकर 80 डॉलर प्रति बैरल के नीचे आ गई हैं। यह भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक बड़ा सकारात्मक संकेत है, क्योंकि इससे आयात बिल कम होगा और मुद्रास्फीति (Inflation) पर नियंत्रण रखने में मदद मिलेगी। US-Iran शांति फ्रेमवर्क: अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते की खबरों ने वैश्विक बाजार की चिंताओं को कम किया है, जिससे निवेशकों ने जोखिम वाले एसेट्स (Equities) में खरीदारी बढ़ाई है। IT सेक्टर का जलवा: बाजार की इस तेजी में IT सेक्टर के शेयरों ने सबसे आगे बढ़कर नेतृत्व किया है। इंफोसिस, टेक महिंद्रा और टीसीएस जैसे दिग्गज शेयरों में लगातार तीसरे दिन खरीदारी देखी गई है। बाजार की स्थिति (एक नजर में) Sensex: लगभग 340+ अंकों क...

वैश्विक शिखर सम्मेलन में 'हरित ऊर्जा' पर ऐतिहासिक सहमति।

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  ​ जेनेवा, 17 जून 2026: आज जेनेवा में संपन्न हुए तीन दिवसीय 'अंतर्राष्ट्रीय जलवायु और ऊर्जा शिखर सम्मेलन' में दुनिया के प्रमुख देशों ने वर्ष 2040 तक वैश्विक कार्बन उत्सर्जन को 60% तक कम करने के लिए एक ऐतिहासिक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। ​समझौते की मुख्य विशेषताएं: ​ नवीकरणीय ऊर्जा निवेश: विकसित और विकासशील देशों ने मिलकर अगले पांच वर्षों में हरित ऊर्जा परियोजनाओं के लिए 500 अरब डॉलर के कोष की स्थापना की है। ​ प्रौद्योगिकी हस्तांतरण: संपन्न राष्ट्र, तकनीकी रूप से विकासशील देशों को सौर, पवन और हाइड्रोजन ऊर्जा के निर्माण में सहायता और आधुनिक तकनीक साझा करने के लिए सहमत हुए हैं। ​ जीवाश्म ईंधन का चरणबद्ध अंत: सभी सदस्य देशों ने कोयले से चलने वाले बिजली संयंत्रों को धीरे-धीरे बंद करने और उनके स्थान पर स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों को अपनाने के लिए एक निश्चित समय-सीमा तय की है। ​"यह समझौता मात्र कागजी नहीं, बल्कि पृथ्वी के भविष्य के प्रति हमारी सामूहिक प्रतिबद्धता है। आज हमने आने वाली पीढ़ियों के लिए एक सुरक्षित मार्ग प्रशस्त किया है," सम्मेलन के अध्यक्ष ने समापन भाषण...

"खेत बचाओ अभियान": अल्मोड़ा के किसानों को मिली आधुनिक और टिकाऊ खेती की नई दिशा

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अल्मोड़ा: भाकृअनुप - विवेकानंद पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (VPKAS), अल्मोड़ा द्वारा चलाए जा रहे केंद्र सरकार के महत्वाकांक्षी "खेत बचाओ अभियान" ने पर्वतीय क्षेत्रों के किसानों में नई उम्मीद जगाई है। संस्थान के निदेशक डॉ. लक्ष्मी कांत के मार्गदर्शन में 1 जून 2026 से जारी इस विशेष अभियान का उद्देश्य किसानों को न केवल आधुनिक खेती की तकनीकें सिखाना है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और पर्यावरण के अनुकूल खेती की ओर प्रेरित करना भी है। क्या है इस अभियान का मुख्य उद्देश्य? अभियान के अंतर्गत वैज्ञानिक लगातार विभिन्न गांवों का दौरा कर रहे हैं। इसका मुख्य फोकस निम्नलिखित बिंदुओं पर है: टिकाऊ और जलवायु अनुकूल खेती: बदलते मौसम के अनुसार फसलों का चयन। प्राकृतिक खेती: जीवामृत, घनजीवामृत जैसे प्राकृतिक घोलों का उपयोग और गोबर की खाद का वैज्ञानिक प्रबंधन। मृदा स्वास्थ्य: मृदा परीक्षण और संतुलित पोषण के माध्यम से भूमि की उपजाऊ शक्ति को लंबे समय तक बनाए रखना। हवालबाग और स्याल्दे में वैज्ञानिकों ने साझा किए गुर हाल ही में हवालबाग के चाण, रौन, डाल और जुड़कफून गांवों में आयोजित गोष्ठियों में 63 से अधि...

बरसात की तैयारी: अल्मोड़ा विधायक मनोज तिवारी ने नालियों और कलवर्ट की सफाई के लिए विभागों को दिए कड़े निर्देश ।

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अल्मोड़ा ​ अल्मोड़ा: आगामी मानसून और वर्षा ऋतु को देखते हुए, अल्मोड़ा के विधायक मनोज तिवारी ने जनहित में एक महत्वपूर्ण पहल की है। उन्होंने शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से विभिन्न विभागों के अधिकारियों को पत्र लिखकर तत्काल सफाई कार्य शुरू करने के निर्देश दिए हैं। ​ विधायक ने जताई चिंता विधायक मनोज तिवारी ने लोक निर्माण विभाग (PWD), सिंचाई विभाग, पीएमजीएसवाई और राष्ट्रीय राजमार्ग खंड के अधिशासी अभियंताओं के साथ-साथ नगर निगम आयुक्त को पत्र प्रेषित किया है। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि वर्तमान में सड़कों के किनारे बनी नालियां लंबे समय से कूड़े, कचरे और मलबे से भरी पड़ी हैं। इसके साथ ही, कई स्थानों पर कलवर्ट (पुलिया) पूरी तरह अवरुद्ध हो चुके हैं। ​ क्यों है यह जरूरी? विधायक के अनुसार, यदि समय रहते इन नालियों और कलवर्ट की सफाई नहीं की गई, तो बरसात के दौरान गंभीर समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं, जैसे: ​ सड़कों को नुकसान: जलभराव से सड़क की ऊपरी सतह को भारी क्षति हो सकती है। ​ भू-स्खलन और सड़क धंसना: पानी की निकासी न होने से कटाव बढ़ेगा, जिसस...

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