ग्राम सभा खत्याड़ी एवं तोक पहल में खेती सुरक्षा, पशु चरान नियंत्रण एवं जल संरक्षण को लेकर महत्वपूर्ण बैठकें आयोजित
खत्याड़ी (अल्मोड़ा), 09 जून 2026। ग्राम सभा खत्याड़ी एवं उसके तोक पहल में हाल ही में आयोजित बैठकों में खेती की सुरक्षा, पालतू पशुओं के खुले चरान, जंगली सुअरों एवं अन्य वन्यजीवों द्वारा फसलों को हो रहे नुकसान तथा जल संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठकों की अध्यक्षता ग्राम प्रधान श्रीमती कमला देवी द्वारा की गई, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सहभागिता की।
बैठकों में ग्रामीणों ने बताया कि खुले चरान, आवारा पशुओं तथा जंगली सुअरों के कारण किसानों की फसलों को लगातार नुकसान पहुँच रहा है, जिससे ग्रामीणों की आजीविका प्रभावित हो रही है। इस समस्या के समाधान हेतु सर्वसम्मति से कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
निर्णय लिया गया कि ग्राम सभा खत्याड़ी एवं तोक पहल के कृषि क्षेत्रों में गाय, बकरी एवं अन्य पालतू पशुओं का खुला चरान पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। साथ ही आसपास के गांवों के पशुपालकों से भी अपील की गई कि वे अपने पशुओं को ग्राम सभा खत्याड़ी एवं पहल क्षेत्र के खेतों में चरने के लिए न छोड़ें। यदि बाहरी क्षेत्रों के पशु भी खेती को नुकसान पहुँचाते हुए पाए जाते हैं तो उनके विरुद्ध भी ग्राम स्तर पर निर्धारित नियमों के अनुसार कार्यवाही की जाएगी।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि यदि किसी पशु द्वारा पहली बार किसी किसान की फसल को नुकसान पहुँचाया जाता है अथवा वह खेत में पाया जाता है, तो संबंधित पशु स्वामी पर ₹500 का आर्थिक दंड लगाया जाएगा। दूसरी बार उसी पशु अथवा पशु स्वामी के पशु के खेत में पाए जाने पर संबंधित पशु को गौसदन ज्योली भेजा जाएगा तथा उससे संबंधित समस्त व्यय पशु स्वामी द्वारा वहन किया जाएगा।
ग्रामीणों ने जंगली सुअरों एवं अन्य वन्यजीवों द्वारा फसलों को पहुँचाए जा रहे नुकसान पर भी गंभीर चिंता व्यक्त की। इस समस्या के समाधान के लिए सामूहिक निगरानी बढ़ाने तथा संबंधित विभागों के समक्ष प्रभावी ढंग से विषय रखने का निर्णय लिया गया।
बैठकों में जल संरक्षण पर भी विशेष चर्चा हुई। निर्णय लिया गया कि सभी ग्रामीण अपने घरों में पानी की टंकियों एवं टैंकों के भर जाने पर नलों को तत्काल बंद करेंगे तथा पानी की अनावश्यक बर्बादी नहीं होने देंगे। साथ ही सार्वजनिक स्थानों, रास्तों एवं सड़कों पर पानी बहाने से बचने तथा जल स्रोतों के संरक्षण के प्रति जागरूक रहने का संकल्प लिया गया।
बैठक में उपस्थित सभी लोगों ने ग्राम हित, खेती की सुरक्षा, जल संरक्षण तथा सामुदायिक सहयोग को मजबूत बनाने हेतु लिए गए निर्णयों का पालन करने का संकल्प लिया।
बैठक में उपप्रधान श्रीमती राधा कनवाल, सामाजिक कार्यकर्ता देवेंद्र सिंह कनवाल, अनीता कनवाल ,जमन सिंह, जशोद सिंह, सरस्वती देवी,कलावती देवी,कमला देवी,मोहनी,हेमा,गीता, तथा अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।


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