अल्मोड़ा। राजकीय मेडिकल कॉलेज, अल्मोड़ा के सामुदायिक चिकित्सा विभाग द्वारा आरएचटीसी (RHTC) केंद्र, हवालबाग में एक विशेष किशोरी स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य किशोरियों को उनके शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और उन्हें एक स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था।
💡 किशोरावस्था: सही पोषण और स्वच्छता है बेहतर भविष्य की कुंजी
कार्यक्रम के दौरान डॉ. कृतिका ने उपस्थित किशोरियों को इस महत्वपूर्ण आयु वर्ग से जुड़ी प्रमुख स्वास्थ्य बातों के बारे में विस्तार से समझाया:
शारीरिक व मानसिक परिवर्तन: किशोरावस्था में होने वाले बदलावों को समझना और उन्हें सामान्य रूप से स्वीकार करना।
पोषण एवं एनीमिया रोकथाम: संतुलित व पौष्टिक आहार का सेवन ताकि खून की कमी (एनीमिया) से बचा जा सके।
मासिक धर्म व व्यक्तिगत स्वच्छता: पीरियड हाइजीन और रोजमर्रा की साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखना।
स्वास्थ्य परामर्श: किसी भी शारीरिक या मानसिक समस्या को छिपाने के बजाय समय पर डॉक्टर से सलाह लेना।
"किशोरावस्था जीवन का अत्यंत महत्वपूर्ण चरण है। इस दौरान सही पोषण, स्वच्छता और स्वस्थ आदतें अपनाकर भविष्य की कई बड़ी स्वास्थ्य समस्याओं से आसानी से बचा जा सकता है।"
— डॉ. कृतिका
🧠 तनाव प्रबंधन और जीवन कौशल पर जोर
कार्यक्रम में राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम (RKSK) की काउंसलर सुश्री प्रीति भोज ने भी प्रतिभाग किया। उन्होंने किशोरियों को भावनात्मक और मानसिक रूप से मजबूत बनने के गुर सिखाए:
तनाव प्रबंधन और आत्मविश्वास: पढ़ाई और जीवन के तनाव से कैसे निपटें और आत्मबल कैसे बढ़ाएं।
जीवन कौशल (Life Skills): दैनिक जीवन में सही निर्णय लेने और जागरूक रहने के तरीके।
सरकारी स्वास्थ्य सेवाएं: स्वास्थ्य विभाग द्वारा किशोर-किशोरियों के लिए चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी।
❓ शंका समाधान और समन्वय
कार्यक्रम के दौरान किशोरियों ने अपने स्वास्थ्य से जुड़े कई सवाल पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने बेहद सरल और वैज्ञानिक ढंग से जवाब देकर उनकी झिझक दूर की।
इस पूरे कार्यक्रम का सफल समन्वय मेडिकल सोशल वेलफेयर ऑफिसर (MSWO) श्री नरेश आगरी द्वारा किया गया। उन्होंने किशोरियों को उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने और स्वच्छता को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने का संदेश दिया।
🎯 मुख्य संदेश
कार्यक्रम का समापन एक बेहद ही प्रेरणादायक संदेश के साथ हुआ:
“स्वस्थ किशोरी – स्वस्थ परिवार – स्वस्थ समाज”

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