एकजुट संघर्ष का आह्वान: आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने दी चेतावनी, मानदेय वृद्धि न होने पर आंदोलन की तैयारी

 


अल्मोड़ा 30 सितंबर 2026

आज संयुक्त मोर्चा के बैनर तले जिले की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं ने एकजुट होकर अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। सभी कार्यकर्ता दीनदयाल उपाध्याय पार्क में एकत्रित हुईं और वहाँ से एक रैली के रूप में जिलाधिकारी कार्यालय पहुँचीं, जहाँ उन्होंने माननीय मुख्यमंत्री महोदय को संबोधित ज्ञापन सौंपा।

संयुक्त मोर्चा के तत्वाधान में प्रदेश के समस्त जिलों में मुख्यमंत्री जी के नाम ज्ञापन प्रेषित किया गया।

"एक बैनर तले एकजुट होना सराहनीय कदम" - सुशीला खत्री

उत्तराखंड राज्य आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ की प्रदेश अध्यक्ष सुशीला खत्री ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि आंगनबाड़ी बहनों को एक साथ एक बैनर तले जोड़ने की यह पहल वास्तव में एक सराहनीय कदम है। ऐसी सोच आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के प्रति संवेदनशीलता को दर्शाती है।

उन्होंने कहा:

आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का यह एक दिवसीय जिला स्तरीय कार्यक्रम निश्चित रूप से सफल होगा।


सरकार को हमारी मांगों पर गंभीरता से सोचने की आवश्यकता है।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता केवल प्रदेश सरकार ही नहीं, बल्कि केंद्र सरकार की योजनाओं को भी घर-घर तक पहुँचाने का कार्य कर रही हैं।

कठिन परिस्थितियों में भी अपनी शक्ति, साहस, समर्पण और दृढ़ संकल्प से समाज के निर्माण में योगदान दे रही हैं।

उन्होंने आगे कहा कि कोरोना काल में भी आंगनबाड़ी बहनों ने अपनी जान जोखिम में डालकर योगदान दिया। आजकल केंद्र सरकार द्वारा 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों में 'आंगन मिलन' कार्यक्रम चलाया जा रहा है, जिसमें भाजपा सरकार उनके कार्यों के लिए उन्हें सम्मानित कर रही है। लेकिन आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का सही मायने में सम्मान तब होगा, जब उन्हें सम्मानजनक मानदेय दिया जाएगा।

"सरकार केवल गुमराह कर रही है" - रेखा नेगी

प्रदेश अध्यक्ष रेखा नेगी ने सरकार की कार्यप्रणाली पर तीखे सवाल खड़े करते हुए कहा:

मार्च 2024 में मानदेय वृद्धि के लिए कमेटी का गठन किया गया था, लेकिन ढाई वर्ष पूरा होने के बाद भी कमेटी का क्या निर्णय हुआ, इसे सरकार ने अभी तक सार्वजनिक नहीं किया है। सरकार केवल आंगनबाड़ी बहनों को गुमराह कर रही है।

2017 में भाजपा के चुनावी घोषणा पत्र (एजेंडे) में लिखा गया था कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को सम्मानजनक मानदेय दिया जाएगा, लेकिन सरकार का दूसरा कार्यकाल भी समाप्त होने को है और वादे आज तक पूरे नहीं हुए।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता कुशल श्रमिकों जैसा कार्य करती हैं, लेकिन वर्तमान में उनकी स्थिति बंधुआ मजदूर जैसी बनाकर रख दी गई है।

15 दिन का अल्टीमेटम: सड़कों पर उतरने की चेतावनी

नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि सरकार 15 दिनों के भीतर हमारी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं करती है, तो मजबूरन संयुक्त मोर्चा सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करने को बाध्य होगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।

ज्ञापन देने में यह कार्यकर्ता रहीं मौजूद

ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला अध्यक्ष तनु बंबा, मंजू मौर्य, मधु पुण्डीर, रविता चौहान, कीर्तना शर्मा, नीलम चौहान, उषा थापा, सुशीला राई, गीता चौहान, संगीता देवी, बिना चौहान, संध्या रानी सहित बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाएं उपस्थित रहीं

Post a Comment

और नया पुराने